Corona : फ्रंटलाइन कर्मियों का होमआइसोलेशन14 दिन करने की मांग

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लखनऊ। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने कार्मिको के होम आइसोलेशन की समय सीमा संशोधित किए जाने के लिए मुख्य सचिव को पत्र लिखा ।
लखनऊ राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद उत्तर प्रदेश में कोविड-19 संक्रमण की दशा में फ्रंटलाइन कर्मचारियों को 14 दिन का होम आइसोलेशन अवकाश दिए जाने हेतु मुख्य सचिव को पत्र लिखकर मांग की है ।

 

 

 

 

परिषद के महामंत्री अतुल मिश्रा का कहना है कि उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों से कर्मचारियों द्वारा फोन करो बात कराया जा रहा है कि कोबिट संक्रमित होने के 7 दिन के बाद भी उन्हें अस्वस्थ होने की दशा में मजबूरी में ड्यूटी ज्वाइन करना पड़ रहा है जबकि जांच कराने पर वह फिर से पोजिटिव आ रहे हैं । ज्यादातर यह देखा जा रहा है कि मरीज 7 दिन में स्वस्थ नहीं हो रहा है और जो लक्षणयुक्त मरीज है 7 दिन बाद भी उन्हें लक्षण पूरी तरह समाप्त नहीं हो रहे हैं ।लेकिन वो 7 दिन बाद कार्यस्थल पर जा रहे हैं, ऐसी स्थिति में जो स्वस्थ कर्मचारी हैं उनके भी संक्रमण किए का खतरा बहुत ज्यादा बढ़ गया है ।
श्री मिश्रा ने मुख्य सचिव को पत्र लिखकर कहा है कि चिकित्सालय आदि में कार्यरत फ्रंटलाइन वर्कर वर्तमान में अधिकांशतः कोविड संक्रमित हो रहे हैं । गाइड लाइन में व्यवस्था दी गई है कि 7 दिन के संगरोध के उपरांत उसे अपनी ड्यूटी पर आना है और उन्हें दोबारा rt-pcr कराने की आवश्यकता नहीं है । परंतु ज्यादातर मामलों में यह देखा जा रहा है कि 7 दिन बाद भी शारीरिक परेशानियां समाप्त नहीं हो रही है और rtpcr कराने पर कार्मिक नेगेटिव नहीं पाया जा रहा है, ऐसे समय पर यदि कार्मिक द्वारा अपने विभागाध्यक्ष को अवगत कराया जाता है तो वे स्वयं असमंजस की स्थिति में हैं कि 7 दिन बाद भी कोविड पोसिटिव होने की स्थिति में कार्य करना है अथवा नहीं ? और उनको अवकाश अनुमन्य होगा अथवा नहीं ? इस विषय पर संदेह बना हुआ है और ज्यादातर कार्मिक पॉजिटिव होने की दशा में ही कार्य पर आ रहे हैं और संभवतः यह भी एक कारण है कि चिकित्सालय आदि के कर्मचारी बड़ी संख्या में संक्रमित होते जा रहे हैं । ज्ञातव्य है कि पूर्व में कार्मिकों को 14 दिन का संगरोध अवकाश स्वीकृत किया जाता था ।

 

 

 

परिषद के प्रमुख उपाध्यक्ष सुनील यादव ने कहा कि यदि कोई पॉजिटिव या संक्रमित कर्मचारी अपने कार्यस्थल पर आकर अन्य कार्मिकों के साथ कार्य करता है तो यह विभिन्न नियमों एवं मानवीय मूल्यों के भी प्रतिकूल है ।
अतः राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने मुख्य सचिव से अनुरोध किया है कि यदि कोई कार्मिक विशेष तौर पर चिकित्सालयो में कार्य करने वाले कार्मिक 7 दिन के उपरांत भी अस्वस्थ होने की दशा में rt-pcr में पोसिटिव होते हैं तो उनका संगरोध अवकाश अगले 7 दिन तक बढ़ाए जाने हेतु गाइडलाइन जारी करने का कष्ट करें, जिससे जो कार्मिक अभी तक कोविड-19 संक्रमण से बचे हुए हैं, उन्हें बचाए रखा जाए और जनता का कार्य प्रभावित ना हो ।

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