लखनऊ। राजधानी में चौथे चरण का वैक्सीनेशन अभियान 33 अस्पतालों में चला। इस अभियान के तहत स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को टीकाकरण किया गया। 33 अस्पतालों में चले अभियान के तहत 99 बू्थ बनाये गये थे। इस अभियान के तहत आंकड़ों के अनुसार मात्र 7578 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने वैक्सीन लगायी।
वैक्सीनेशन के लिए सुबह से बूथ पर स्वास्थ्य कार्यकर्ता पहुचने लगे थे। केजीएमयू में दोपहर तक 55 प्रतिशत से ज्यादा वैक्सीनेशन हो चुका था। वैक्सीनेशन के तहत केजीएमयू में सबसे ज्यादा 21 बूथ बनाये गये थे। यहां पर सबसे ज्यादा स्वास्थ्य कर्ता वैक्सीनेशन कराने के लिए शेष थे। सुबह से चले वैक्सीनेशन अभियान के तहत मात्र 1033 को वैक्सीनेशन किया गया। जब कि यहां पर 2600 को वैक्सीनेशन किया जाना था। इसी प्रकार संजय गांधी पी जी आई में कोरोना टीकाकरण के लिए 12 बूथ बनाये गये थे। टीकाकरण कराने वालों में जिन लोगों को एलर्जी के साथ कार्डियक बीमारी से पीड़ित मरीजों को कोरोना का टीकाकरण की वैक्सीन के लिए मना कर दिया गया। टीकाकरण कराने वालों में चिकित्सक, नर्सेज, टेक्नीशियन, वाहन चालक, व अन्य प्रशासनिक स्टाफ शामिल थे। टीकाकरण कराने वालों में कार्डियोलाजी के विभागाध्यक्ष प्रो पी के गोयल, यूरोलाजी के प्रो एम एस अंसारी, पैथोलॉजी के प्रो नरेंद्र कृष्णानी , डा. रचना व डा. अतुल गर्ग इत्यादि शामिल थे। यहां पर 1017 को वैक्सीनेशन किया गया। इसी प्रकार गोमती नगर स्थित लोहिया संस्थान में डाक्टर, स्टाफ नर्स तथा अन्य पैरामेडिकल स्टाफ को वैक्सीनेशन किया गया। यहां पर 254 लोगों को वैक्सीनेशन किया गया। इसी प्रकार बलरामपुर अस्पताल में लगाये बूथ में शेष बचे डाक्टर व अन्य स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। यहां पर 250 लोगों का वैक्सीनेशन किया गया। इसी प्रकार विवेकानंद पालीक्लीनिक एवं आयुर्विज्ञान संस्थान में वैक्सीनेशन के लिए तीन बूथ बनाये गये थे। जहां पर आज 284 लोगों को वैक्सीनेशन किया गया। एरा मेडिकल कॉलेज में 12 बूथ बनाए गए। इनमें 1131 ने वैक्सीनेशन कराया। वही डफरिन अस्पताल में वैक्सीनेशन के नोडल ऑफिसर डॉ. सलमान खान के मुताबिक दो बूथ पर 250 का वैक्सीनेशन लक्ष्य था। इनमें 157 ने वैक्सीन लगवायी।












