लखनऊ। किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के पीडियाट्रिक आंकोलॉजी विभाग में तीन वर्षीय बच्चे में कोरोना संक्रमित मिला है। ब्लड कैंसर से पीड़ित यह बच्चा पीलीभीत से कीमोथेरेपी कराने के लिए आता है। 25 मई को दी गयी कीमोथेरेपी के बाद कोरोना के लक्षण मिलने पर जांच कराने में 28 को रिपोर्ट पाजिटिव आ गयी। इसके बाद कीमोथेरेपी में मदद करने वाले नर्सिंग, वार्ड ब्वाय व सफाई कर्मी को क्वॉराटाइन कर दिया गया है। इसके साथ ही अन्य मरीजों की जांच करायी जा रही है।
केजीएमयू प्रवक्ता डा. सुधीर का कहना है कि कीमोथेरेपी डे केयर वार्ड में दी जाती है। इसमें मरीज को भर्ती करने की आवश्यकता नहीं होती है। कीमोथेरेपी करा कर मरीज घर चल जाता है। ब्लड कैंसर से पीड़ित तीन वर्षीय बच्चे को 25 मई को कीमो देने के बाद कोरोना के लक्षण मिलने का संदेह हुआ। उन्होंने बताया कि तत्काल जांच करायी गयी। जांच रिपोर्ट 28 मई को पाजिटिव आ गयी। इसके बाद बच्चे को आइशोलेशन वार्ड में भर्ती करा दिया गया है।
बच्चे की कीमो थेरेपी में शामिल तीन नर्स, दो वार्ड ब्वाय, दो सफाई कर्मी कुल सात लोगों को क्वारेटाइन करते हुए कोरोना की जांच करायी जा रही है। यह सभी हाई रिस्क जोन में आते है। कीमीथेरेपी वार्ड को बंद करके सेनिटाइज कराया जा रहा है। अब सोमवार को ही कीमोथेरेपी वार्ड खोला जाएगा। बताते चले कि कुछ दिन शताब्दी अस्पताल फेज दो में रेडियोथेरेपी कराने आयी महिला में कोरोना के लक्षण मिलने पर जांच कराने पर संक्रमित मिली थी। लगातार यह दूसरा केस है कैंसर का मरीज पाजिटिव मिला है।












