लखनऊ। किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के फारेंसिक मेडिसिन विभाग के डाक्टरों ने भी अब पोस्टमॉर्टम करने का निर्णय लिया। विभाग ने इच्छा सीएमओ को पत्र लिखकर प्रकट कर दिया है। सीएमओ ने भी उनके इस निर्णय को सहर्ष स्वीकार करते हुए शवों का पोस्टमॉर्टम करने की हरी झंडी दे दी है। हालांकि अब तक गंभीर केसों में ही फारेंसिक टीम पोस्टमॉर्टम करती है।
बताते चले कि अभी तक शवों का पोस्टमॉर्टम में अब तक लोकबंधु, सिविल, बलरामपुर, लोहिया अस्पताल सहित अन्य प्रोविशिंयल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन (पीएमएस) के डॉक्टर ही पोस्टमॉर्टम करते आ रहे है। अगर देखा जाए तो पोस्टमार्टम की ड¬ूटी से पीएमएस के डॉक्टरों पर अतिरिक्त कार्य करने पर भार ज्यादा हो जाता था। देखा जाए तो डाक्टरों को एक शव का पोस्टमॉर्टम को करने में 100 रुपये मिलता है, लेकिन पीएमएस के डॉक्टरों को राहत मिलने वाली है क्योंकि फारेंसिक मेडिसिन विभाग के छह डॉक्टर अब पोस्टमॉर्टम करने के कार्य में सहयोग करेंगे।
विभाग ने सीएमओ डॉ नरेंद्र अग्रवाल को प्रस्ताव भेज शवों का पोस्टमॉर्टम करने की अनुमति मांगी है। जिसपर सीएमओ ने तत्काल पोस्टमॉर्टम करने की अनुमति दे दी है। वहीं सीएमओ का कहना है कि अगर पोस्टमार्टम के इतिहास को देखा जाए तो पहले केजीएमयू के फारेंसिक विभाग की टीम ही पोस्टमॉर्टम करती थी, लेकिन इस बीच शव की संख्या बढ़ने के कारण इसकी जिम्मेदारी पीएमएस के डॉक्टरों को मिल गयी। अब तक फारेंसिक टीम केवल गंभीर विषयों के मामले में र मुद्दों के शव का पोस्टमॉर्टम करती थी, लेकिन अब अज्ञात शव का पोस्टमॉर्टम फारेंसिक मेडिसिन विभाग की टीम करेगी।
अब PayTM के जरिए भी द एम्पल न्यूज़ की मदद कर सकते हैं. मोबाइल नंबर 9140014727 पर पेटीएम करें.
द एम्पल न्यूज़ डॉट कॉम को छोटी-सी सहयोग राशि देकर इसके संचालन में मदद करें: Rs 200 > Rs 500 > Rs 1000 > Rs 2000 > Rs 5000 > Rs 10000.












