जीवनदायनी 108 एम्बुलेंस सेवा ने सफलता पूर्वक पूरे किए छः वर्ष

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लखनऊ। 108 एम्बुलेंस सेवा ने अपने छह साल में प्रदेश के डेढ़ करोड़ से अधिक लोगों को लाभ पंहुचाने के साथ ही कई आपात घटनाओं में भी अपनी उपयोगिता को सिद्व किया है। बुधवार को बिजनौर में केमिकल फैक्ट्री में हुए विस्फोट की खबर मिलते ही 108 एंबुलेंस ने तत्काल मौके पर पंहुचकर गंभीर घायलों को अस्पताल पंहुचाकर उन्हे उपचार मुहैया कराने में मदद की। प्रदेश में 108 एंबुलेंस सेवा का संचालन करने वाली संस्था जीवीकेईएमआरआई के मुख्य परिचालन अधिकारी प्रमिल शाह ने बताया कि प्रदेश में 108 एंबुलेंस सेवा की शुरूआत 14 सितम्बर 2012 में हुई थी और तब से अब तक एंबुलेंस सेवा ने हर मौके पर अपनी जिम्मेदारी को निभाने का काम किया हैं चाहे ट्रामा के गंभीर मामले हों या फिर कार्डियक के,पेट के गंभीर मरीज हों या फिर प्रसूता से सम्बन्धित मामले एक कॉल पर एंबुलेंस ने मौके पर पंहुचकर मरीजों को अस्पताल पंहुचाने का काम किया है। बीते छह वर्षो में कुल 10926459 लोग 108 एंबुलेंस सेवा से लाभाविन्त हुए हैं। जिनमे हमारे प्रशिक्षित स्टाफ द्वारा 73617 मामलो में प्रसूता के घर पर तथा 17919 मामलो में एम्बुलेंस में ही सुरक्षित प्रसव कराकर अस्पताल में भर्ती कराया गया ।

प्रमिल शाह ने बताया कि कानपुर के आगे हुए कालका ट्रेन हादसे को शायद ही कोई भूला हो जिसमें कई जाने गयी थीं उस घटना के समय जैसे ही सूचना आयी तो तत्काल मौके पर 108 एंबुलेंसों को भेज कर घायलों को अस्पताल पंहुचाने का कार्य किया गया। इसके बाद रायबरेली में एनटीपीसी में ब्वायलर फटने से बड़ी संख्या में लोग झुलस गये थे उस दौरान 108 एंबुलेंस ने तत्काल घायलों को नजदीकी अस्पतालों में उपचार के लिए पंहुचाया यही नही मरीजों की स्थिति बिगड़ने पर जब उन्हे लखनऊ रेफर किया गया तो भी उन्हे लखनऊ के लिए लाने में एंबुलेंस सेवा की टीम ने महात्वपूर्ण भूमिका निभायी। अभी दिसम्बर में राजधानी के पारा में एक ट्रैक्टर ट्राली के पुल से नीचे घिरने के हादसे में दर्जनों लोगा गंभीर रूप से घायल हो गये थे जिन्हे बिना देरी किये 108 एंबुलेंस ने नजदीकी अस्पतालों में पंहुचाकर उपचार मुहैया कराया।

अभी कुछ माह पूर्व चारबाग के दो होटलों में सुबह तड़के आग लगने से हुए हादसे में भी एंबुलेंस सेवा ने महात्वपूर्ण भूमिका निभायी थी और कई गंभीर रूप से घायलों को अस्पताल पंहुचाने का काम किया। उन्होने बताया कि इस तरह के दर्जनों उदाहरण हैं जिससे एंबुलेंस सेवा की उपयोगिता सिद्व हुई है। उन्होने कहा कि अभी जब लगातार बारिश में कई जिले बुरी तरह से जलमग्न थे तब भी एंबुलेंस ने अपनी सक्रियता को बनाये रखा और हमारी टीमों ने जलभराव वाले क्षेत्रों में भी पंहुचकर जरूरतमंदों को मदद मुहैया करायी। उक्त जानकारी संस्था के मीडिया सलाहकार आनंद दीक्षित ने दी।

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