-एक्टिव केस मरीजों की संख्या सौ के पार
लखनऊ। कोरोना से पीडि़त चल रही बुजुर्ग महिला की मौत हो गयी है। राजधानी में कोरोना संक्रमण से इस वर्ष की पहली मौत है। इसके साथ ही बृहस्पतिवार को इस वर्ष रिकार्ड तोड़ 35 मरीज मिले हैं, इनमें तीन मरीज भर्ती कराये गये, इससे लोगों में दहशत फैल गयी, जबकि कोरोना को मात देने पर एक मरीज को डिस्चार्ज किया गया। बीते चार अप्रैल से रोजाना करीब 11 से 15 मरीज संक्रमित मिले रहे थे। बुधवार को 24 लोग कोरोना की चपेट में आए थे। जनपद में कोविड एक्टिव मरीजों की संख्या 120 तक पहुंच गयी है, इनमें दो मरीज किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) में भर्ती हैं। अन्य सभी मरीज होम आइसोलेशन में हैं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज अग्रवाल ने बताया वृदांवन कॉलोनी निवासी 60 वर्षीय महिला को श्वसन संबंधी दिक्कत होने पर तीमारदारों ने निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया, जहां हालत में सुधार नहीं हुई आैर हालत आैर ज्यादा बिगड़ गयी। तीमारदारों ने दो अप्रैल को अपोलो हास्पिटल में मरीज को भर्ती कराया, जहां जांच में मरीज कोविड की पुष्टि की गयी। यह सूचना मिलने पर कोविड कमांड सेंटर से मरीज को बड़े सरकारी संस्थान में भर्ती की सलाह दी गयी, लेकिन परिजन वहां इलाज कराने के लिए सहमत नहीं हुए। कोविड कमांड सेंटर से कई बार कॉल करके संपर्क करने की कोशिश की, तीमारदारों ने फोन रिसीव नहीं किया। तीमारदारों ने बीती चार अप्रैल को मरीज को केजीएमयू के कोविड सेंटर में भर्ती कराया गया, जहां बुधवार देर रात इलाज दौरान महिला की मौत हो गयी। बृहस्पतिवार को 35 मरीज संक्रमित मिले हैं।
वही कानपुर रोड स्थित लोकबंधु अस्पताल में कोविड मरीजों की भर्ती होने लगे हैं, यहां बृहस्पतिवार को दो गर्भवती महिला समेत एक बुजुर्ग को कोविड वार्ड में भर्ती किया गया है। डाक्टरों के अनुसार तीनों मरीजों की हालत सामान्य हैं, कोरोना के कुछ लक्षण प्रतीक हो रहेे हैं। अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अजय शंकर के अनुसार दो गर्भवती महिला प्रसव के लिए आई थी, जो जांच में कोरोना पॉजिटिव निकली है। दोनों को कोविड वार्ड में रखा गया है, जबकि बुजुर्ग दूसरी बीमारी से ग्रस्त होकर भर्ती हुए थे। जांच में संक्रमित मिले हैं।












