Kgmu के वरिष्ठ आर्थोपेडिक सर्जन डा.संतोष का निधन

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लखनऊ। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में आर्थोपेडिक विभाग के वरिष्ठ डॉक्टर संतोष कुमार का बृहस्पतिवार को पीजीआई में निधन हो गया। उनके अचानक निधन से केजीएमयू सहित पूरे डॉक्टर संवर्ग में शोक व्याप्त है।

 

 

 

 

 

 

बताया जाता है कि डॉक्टर संतोष कुमार को लगभग एक वर्ष पहले मुंह का कैंसर होने की पुष्टि हुई थी। जिसका इलाज चल रहा था। उनके इष्ट मित्रों के अनुसार कुछ समय पहले उनकी तबीयत ज्यादा बिगड़ गई और उन्हें पीजीआई में भर्ती कराना पड़ा जहां पर उन्हें निमोनिया होने की पुष्टि हुई थी। ज्यादा तबियत बिगड़ने पर वह पिछले 15 दिनों से वेंटिलेटर पर भर्ती चल रहे थे। आज सुबह 6:30 बजे के आसपास उनका निधन हो गया। उनके निधन की सूचना मिलते ही किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के डॉक्टरों में गहरा शोक व्याप्त हो गया है।
आर्थोपेडिक विभाग के डॉक्टर संतोष कुमार ऑर्थोपेडिक के एक कुशल सर्जन होने के साथ-साथ व्यवहार कुशल व्यक्ति थे। समय-समय पर केजीएमयू में विभिन्न पदों पर महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां भी कुशलतापूर्वक निभाई थी।

 

 

 

 

 

 

 

 

 

स्पोर्ट्स सर्जरी विभाग के प्रमुख डॉ आशीष कुमार और आर्थोपेडिक विभाग के वरिष्ठ डॉक्टर , पीजीआई नोएडा तथा एम्स भोपाल के निर्देशक डा. अजय कुमार का कहना है कि यह एक अपूरणीय क्षति है, आर्थोपेडिक विभाग के लिए वह हमेशा बेहतरीन सर्जन थे। उनमें हमेशा कुछ नया और बेहतर करने की ललक बनी रहती थी
केजीएमयू के इमरजेंसी ट्रामा सेंटर के प्रभारी व ट्रामा सर्जरी विभाग के प्रमुख डॉक्टर संदीप तिवारी, डॉक्टर समीर, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉक्टर एसएन शंखवार, चिकित्सा अधीक्षक डॉक्टर डी हिमांशु, मेडिसिन विभाग के वरिष्ठ डॉक्टर कौसर उस्मान सहित केजीएमयू के अन्य डॉक्टरों का कहना है कि उनके लिए यह सूचना एक सदमे से कम नहीं है।
रेडियंस हास्पिटल के प्रमुख व वरिष्ठ आर्थोपेडिक व आर्थोस्कोपी सर्जन डॉक्टर संजय श्रीवास्तव का कहना है कि डॉक्टर संतोष कुमार मिलनसार व्यक्ति होने के साथ ही बहुत अच्छे आर्थोपेडिक सर्जन थे और उनमें हमेशा कुछ बेहतर करने की कोशिश बनी रहती थी । उनका अचानक चले जाना डॉक्टर संवर्ग के लिए अपूरणीय क्षति है। वही हेल्थ सिटी हास्पिटल के वरिष्ठ ऑर्थोपेडिक सर्जन संदीप गर्ग तथा वरिष्ठ आर्थोपेडिक सर्जन डॉ संदीप कपूर का कहना है कि डॉक्टर संतोष का निधन पर ऑर्थोपेडिक डॉक्टर ही नहीं बल्कि पूरा डॉक्टर संवर्ग दुखी है।

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  1. Dr Santosh kumar Orthopaedic surgeon, was a great fighter ,his excellency in hip replacement was innovative, He always gives his 100 percent devotion toward patients .

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