लखनऊ। राजधानी में तमाम कोशिशों के बाद भी कोरोना संक्रमण थम नहीं रहा है। बुधवार को राजधानी में आंकड़ा पांच हजार के ऊपर ही रहा। कोरोना संक्रमित मरीजों संख्या 5902 पहुंच गयी। इसके अलावा कोरोना संक्रमण से ठीक होने वाले मरीजों की संख्या 2269 पहुंच गयी, जब कि कोरोना से मरने वालों की संख्या 21 पर पहंुच गयी। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि कोरोना संक्रमण शहर से अब ग्रामीण क्षेत्रों की तरफ बढ़ रहा है।
कोरोना संक्रमण के मरीजों की लगातार संख्या पांच हजार के ऊपर चल रही है। इस कारण मरीजों को भर्ती में काफी दिक्कतें आ रही है। होम आइशोलेशन में रहने वाले मरीजों की तबियत तेजी से बिगड़ रही है आैर आक्सीजन का लेबल कम होने से मौत तक हो रही है। बुधवार को मिले संक्रमित मरीज काफी संख्या में शहरी आवासीय कालोनियों के मिले है। यही नही पुराने लखनऊ में भी कोरोना का संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है। इस बीच कोरोना से ठीक होने वाले मरीजों की संख्या में वृद्धि लगातार बनी हुई है। जब कि कोरोना संक्रमण से मौत का आंकड़ा भी लगातार दहाई की संख्या के पार ही रह रहा है। बुधवार को भी 21 मरीजों की मौत हो गयी। इनमें एलडीए के कर्मचारी की कोरोना से मौत हो गयी। एलडीए में अब तक 10 लोग कोरोना संक्रमण से मौत के मुंह में जा चुके है। इसके अलावा खुर्रम नगर के शिवानी बिहार में दो लोगों की कोरोना संक्रमण से मौत हो गयी।
उधर मोहनलालगंज क्षेत्र में कोरोना की चपेट में आकर अब तक दर्जनो लोग अपनी जाने गंवा चुके है लेकिन स्थानीय प्रशासन की लापरवाही के चलते गांवो में कोरोना से बचाव के लिये कोई भी व्यापक इन्तजाम तो दूर कुछ एक गांवो को छोड़कर सेनेटाइजेशन तक नही कराया गया,ब्लाक अफसरो की लापरवाही के चलते अभियान चलाकर साफ-सफाई व्यवस्था सहित सेनेटाइजेशन ना कराये जाने से गांवो में दिन-प्रतिदिन कोरोना संक्रमण का खतरा और भी ज्यादा बढ रहा हैग्रामीणो ने स्थानीय प्रशासन सहित ब्लाक अफसरो की लापरवाही को लेकर आक्रोश व्याप्त है












