यहां मरने के बाद इलाज देने में जुटे डाक्टर, हंगामा

0
681

लखनऊ। गोमतीनगर स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल में इमरजेंसी में संवेदनहीन डाक्टरों की उदासीनता से एक लावारिस मरीज की मौत हो गयी। इससे नाराज लोगों ने जमकर घंटो हंगामा किया। हंगामे पर डाक्टरों ने अपनी गलती को छुपाने के लिए लावारिस मरीज को अंदर लाने की कोशिश करते हुए इलाज करने का दावा किया । इस पर डॉक्टरों व कर्मचारियों से नाराज लोगों ने मरीज के मरने के बाद शव को इमरजेंसी कक्ष के अंदर नहीं ले जाने दिया। बढ़ते हंगामे को देखते हुए मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को क ब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए मॉरच्युरी भेजा गया।

बताया जाता है कि बीती रात करीब 10:30 बजे कुछ लोग एक व्यक्ति को इलाज के लिए लेकर लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी में आये थे। कुछ देर बाद इमरजेंसी में छोड़ कर चले गए थे। ऐसे में तैनात डाक्टरों ने भी काफी देर इमरजेंसी में रहने के बाद भी न तो उसे इलाज शुरू नहीं किया। मरीज की हालत लगातार बिगड़ती जा रही थी। मरीज पूरी रात इमरजेंसी के बाहर ही दर्द से कराहता रहा। सुबह करीब आठ बजे जब लोगों ने उसकी हालत को देखकर बिस्कुट और पानी भी दिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि उसके बाद करीब दो घंटों तक तो वो सही रहा लेकिन उसके बाद उसकी हालत धीरे-धीरे बिगड़ने लगी तो कुछ लोगों ने आसपास के लोगों ने उसे इमरजेंसी में ले गए। लेकिन उनका आरोप था कि फिर भी इमरजेंसी में भी काफी देर तक इलाज नहीं मिल सका।

करीब 11:30 बजे जब मरीज की हालत ज्यादा बिगड़ी आैर कुछ देर बाद ही मरीज की मौत हो गई। डाक्टर की इस संवेदनहीनता पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा आैर हंगामा मच गया। बताते है कि इस बीच वहां खड़ी युवती ने पुलिस बुला ली और डॉक्टर को मरीज के पास जाने से मना कर दिया। काफी देर तक यह हंगामा चला उसके बाद पुलिस के बीच में आने के बाद मामला शांत किया गया। उसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए रखा गया है। चिकित्सा अधीक्षक डा. एमएल भार्गव का कहना है कि मरीज लावारिस था उसे इमरजेंसी में भर्ती नहीं कराया गया था। कुछ लोग उसे छोड़ कर चले गए थे। सुबह करीब 11:30 बजे उसकी मौत हो गई। कुछ लोगोंं ने इलाज न देने की बात कह के हंगामा भी किया। डाक्टरों ने इलाज देने मे कोई गड़बड़ी नहीं की।

अब PayTM के जरिए भी द एम्पल न्यूज़ की मदद कर सकते हैं. मोबाइल नंबर 9140014727 पर पेटीएम करें.
द एम्पल न्यूज़ डॉट कॉम को छोटी-सी सहयोग राशि देकर इसके संचालन में मदद करें: Rs 200 > Rs 500 > Rs 1000 > Rs 2000 > Rs 5000 > Rs 10000.

Previous articleसंस्थान में कर्मचारियों को पीटा, 8 मेडिकोज निलम्बित
Next articleसंस्थान में मजबूत हो सुरक्षा व्यवस्था

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here