लखनऊ। बढ़ते कोरोना संक्रमण से मौत का सिलसिला भी जारी है। लगातार हो रही संक्रमण से हो रही मौतों में डायबिटीज बीमारी प्रमुख ता से मरीजों में मिल रही है। इलाज कर रहे डॉक्टरों का भी मानना है कि मरीज की डायबिटीज अगर अनकंट्रोल्ड कोई तो इलाज के दौरान मरीज़ की हालत जल्द ठीक होना मुश्किल हो जाता है। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के संक्रामक रोग विभाग स्थित कोरोना वार्ड में राजधानी ही नहीं आस-पास जनपदों के मरीज भी कोरोना संक्रमित होकर आ रहे हैं। इलाज के दौरान संक्रमण के तेजी से फैलने के कारण प्रतिदिन एक या दो मरीजों की मौत भी हो रही है। अगर इन मौतों के आंकड़ों को देखा जाए तो ज्यादातर मरीजों को कोरोना संक्रमण के साथ डायबिटीज भी होती है।
इलाज कर रहे डॉक्टरों का मानना है कि डायबिटीज होने के कारण संक्रमण बढ़ने की संभावना ज्यादा हो जाती है। अगर मरीज के डायबिटीज के साथ कार्डियक या फेफड़े की बीमारी हो तो अक्सर मरीज का इलाज जटिल हो जाता है। इलाज कर रहे डॉक्टरों का मानना है कि डायबिटीज होने के साथ मरीजों में ब्लड प्रेशर की भी दिक्कत होना आम बात हो गई है ।कोरोना वार्ड के नोडल अधिकारी डॉ डी हिमांशु का कहना है कि कोविड-19 के मरीजों में कहीं भी देखा जाए तो डायबिटीज मरीजों को संक्रमण होने के बाद इलाज जटिल हो जाता है। उनमें संक्रमण फैलने की संभावना ज्यादा हो जाती है अगर कोई अन्य बीमारी मरीज को होती है तो यह समस्या और ज्यादा बढ़ जाती है। उन्होंने बताया ऐसा नहीं है कि डायबिटीज का मरीज कोरोना संक्रमित होने के बाद ठीक नहीं हुआ हो, ऐसे लोगों का प्रतिशत कम ही देखा गया है। मेडिसिन विभाग के वरिष्ठ डॉक्टर और डायबिटीज एक्सपर्ट डॉ कौसर उस्मान का मानना है कि उम्र बढ़ने के साथ डायबिटीज बीमारी ज्यादातर लोगों में मिल रही है।
ऐसे में कोविड-19 का प्रोटोकॉल यही कहता है कि बुजुर्गों में अगर डायबिटीज की बीमारी, ब्लड प्रेशर, अस्थमा या श्वसन संबंधी परेशानी हो तो उन्हें किसी भी प्रकार संक्रमण से बचाना आवश्यक हो जाता है। डॉ उस्मान ने बताया जिन मरीजों में डायबिटीज यानी कि शुगर का स्तर ज्यादा होता है उनमें रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है ,जिसके कारण संक्रमण होने की संभावना ज्यादा हो जाती है। उन्होंने बताया संक्रमण होने के बाद शरीर में शुगर ज्यादा होने से अन्य अंग प्रभावित होने लगते हैं, जिससे मल्टीपल ऑर्गन फैलियर की संभावना ज्यादा हो जाती है। कोरोना महामारी में अधिक उम्र या 50 से ज्यादा उम्र के लोगों को विशेष ध्यान देने की जरूरत है। उन्होंने बताया डायबिटीज अब कम उम्र के लोगों में भी बढ़ रही है ऐसे में उन्हें भी डायबिटीज नियंत्रण के साथ ही इम्यून सिस्टम को मजबूत करने के लिए इससे ध्यान रखना होगा। यही नहीं इस तरह के मरीजों को संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और पूरी नींद लेना आवश्यक है इससे उनका इम्यून सिस्टम मजबूत होता है।