लखनऊ । संजय गांधी पी जी आई संस्थान कर्मचारियों के बीमार होने की दशा में तुरंत भर्ती कर इलाज शुरू करने का लिखित आदेश न मिलने पर 27 अप्रैल को 12 बजे से कार्य बहिष्कार की धमकी कर्मचारी महासंघ ने दी है। कर्मचारी महासंघ का समर्थन पीजीआई रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन ने भी कर दिया है। कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष जितेंद्र सिंह और महामंत्री धमेँश कुमार ने निदेशक प्रो आर के धीमान को मांग पत्र दिया है कि २३ अप्रैल को तकनीकी अधिकारी रजनीश श्रीवास्तव की पत्नी को बेड न मिलने पर वह अपने घर पर ही असामयिक दुखद मौत संस्थान की लापरवाही के कारण हो गयी। दोबारा इसकी पुनरावृति न हो इसलिए संस्थान प्रशासन से अनुरोध किया है कि संस्थान में कार्यरत कर्मियों बीमार होने पर भर्ती का लिखित आदेश तत्काल निकाला जाये ,नहीं तो कार्य बहिष्कार होने पर मरीजों के इलाज में बाधा उत्पन्न होने पर संस्थान प्रशासन एवं राज्य सरकार की होगी। कर्मचारी महासंघ ने यह भी सुझाव दिया है कि आर सी एच १ ट्रामा में तीसरी मंजिल के बी वार्ड 3बी कर्मचारियों के लिए आरक्षित किया जाये। संस्थान में एक ऐसा वार्ड बनाया जाये जहां पर कम से कम 50 बेड ऐसे हो जिसमें आक्सीजन के साथ अच्छे डाक्टर और स्टाफ उपलब्ध हो ताकि भतीँ कर्मियों का इलाज शुरू किया जा सके। संस्थान में कार्यरत कर्मचारियों को दवाई के साथ पल्स आक्सीमीटर उपलब्ध कराया जाये, जिससे कि होम आइसोलोसन में ही अपने परिवार की देखभाल कर सके। कोविड डेडीकेटेड स्टाफ काउंटर की व्यवस्था की जाए। निदेशक प्रोफेसर आरके धीमन ने 27 अप्रैल को 11 बजे तक लिखित आदेश न होने पर 12 बजे से समस्त कार्य बंद कर बहिष्कार कर हड़ताल पर चले जायेगे। जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी संस्थान प्रशासन और प्रदेश सरकार और चिकित्सा शिक्षा मंत्री की होगी।











