खराब मौसम का प्रभाव आपातकालीन सेवाओं पर भी

0
674

लखनऊ। प्रदेश में लगातार आंधी पानी की दस्तक ने आपात कालीन सेवाओं को भी प्रभावित कर दिया है प्रदेश में 108 व 102 एंबुलेंस सेवा का संचालन करने वाली संस्था जीवीकेईएमआई के मुख्य परिचालन अधिकारी जितेन्द्र वालिया ने आंधी पानी के प्रभाव से कॉल कनेक्टविटी में होने वाली समस्या की जानकारी दी ,संस्था के सीओओ ने कहा कि पिछले 15 दिनों देनो से काल कनेक्टिवटी के दौरान नेटवर्किंग की समस्या आ रही है जिससे कहीं कहीं नम्बर ना मिलने की शिकायते मिल रही है इसे दूर करने का प्रयास किया जा रहा है उन्होने कहा है कि यदि किसी कॉलर को बात करने में समस्या हो तो वह कुछ क्षण प्रतीक्षा करे हमारे आपरेटर उसे खुद कॉल बैक कर सम्पर्क करके तत्काल गंतव्य तक एंबुलेंस पंहुचवाने का काम करेंगे।

पिछले दिनों एंबुलेंस के रिस्पांस टाईम व कॉल न मिलने की शिकायतों पर प्रदेश में एंबुलेंस सेवा का संचालन करने वाली संस्था जीवीकेईएमआई के मुख्य परिचालन अधिकारी जितेंद्र वालिया ने बताया कि इन दिनों मौसम में लगातार परिवर्तन हो रहा है कईबार आंधी भी आयी है जिसका प्रभाव कनेक्टविटी में भी पड़ है इसके बाद हमारा यही प्रयास है कि जरूरतमंदो तक तत्काल सेवा का लाभ पंहुचे इसको लेकर हमारा प्रयास जारी है जल्द ही नेटवर्किंग प्रक्रिया भी सामान्य हो जायेगी इस बीच उन्होने अपील की कि यदि कोई कॉलर एंबुलेंस के लिए कॉल करता है और कारणवश बात नही हो पाती है तो उसे परेशान होने की जरूरत नही है कुछ ही क्षड़ों में हमारी टीम स्वंय डिस्कनेक्ट हुए नंबर पर कॉल बैक कर उससे सम्पर्क करेगी और उस तक एंबुलेंस पंहुचवाने का काम करेगी।

उन्होने कहा कि अभी कई मामले ऐसे भी सामने आये जिसमें यह सुनने को मिला कि कॉल करने के बाद भी एंबुलेंस नही पंहुची जबकि जांच इस तरह की कॉल की पुष्टि ही नही हुई जिस पर संस्था ने अपना बयान कॉल डिटेल के साथ जारी कर सफाई भी दी है। कुछ मामलों में अगर लापरवाही मिली है तो हमने बिना देर किए दोषी के विरूद्व कार्यवाई भी की है। श्री वालिया ने कहा कि हमारा उद्देश्य एंबुलेंस सेवा का लाभ हर जरूरतमंद तक पंहुचाने का रहता है और इसको लेकर हमारी टीम सतत प्रयासरत रहती है। उक्त जानकारी सेस्था के मीडिया सलाहकार आनन्द दीक्षित ने दी।

अब PayTM के जरिए भी द एम्पल न्यूज़ की मदद कर सकते हैं. मोबाइल नंबर 9140014727 पर पेटीएम करें.
द एम्पल न्यूज़ डॉट कॉम को छोटी-सी सहयोग राशि देकर इसके संचालन में मदद करें: Rs 200 > Rs 500 > Rs 1000 > Rs 2000 > Rs 5000 > Rs 10000.

Previous articleवेंटिलेटर मिला नहीं, मौत
Next articleसंस्थान में कर्मचारियों को पीटा, 8 मेडिकोज निलम्बित

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here