लखनऊ। राजधानी में सोमवार को 5897 मरीज कोरोना संक्रमित मिले है, लेकिन कोरोना संक्रमण से ठीक होने वाले मरीजों की संख्या 2641 रही। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि कोरोना संक्रमण से ठीक होने वाले मरीजों की संख्या बढ़ रही है। इसके अलावा कोरोना संक्रमण से आज 22 मौत हो गयी।
राजधानी में लगातार पांच हजार से कोरोना संक्रमित मरीजों का आंकड़ा कम नही हो रहा है। सोमवार को एक बार फिर 5897 मरीज कोरोना संक्रमित मिले। लगातार इतनी संख्या में मरीज संक्रमित होने के कारण मरीजों को भर्ती होने में दिक्कत आ रही है। ज्यादातर लोग होम आइसोलेशन में ही रहने को मजबूर है आैर उनकी तबियत भी बिगड़ रही है। अगर देखा जाए तो राजधानी के शहरी क्षेत्र की आवासीय कालोनियों के साथ ही अब ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना संक्रमण व्यापक हो जा रहा है। शहरी क्षेत्र की आवासीय कालोनियों में कोरोना संक्रमण के बढ़ने का आंकड़ा अस्पतालों में कोरोना की जांच की लाइन देख कर लगाया जा सकता है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि बुखार व सर्दी जुकाम होने पर बिना डाक्टर के परामर्श के खुद ही कोरोना संक्रमण की जांच कराने के लिए आ रहे है। जब कि उन्हें पहले स्थानीय अस्पताल में डाक्टर से परामर्श व दवा लेने के बाद ही जांच कराना चाहिए। इसके अलावा अभी लोग बाजारों में बिना मास्क व सोशल डिस्टेंसिग के ही टहल रहे है। सख्ती के बावजूद जागरूक नही हो रहे है। गांवों में लगातार कोरोना संक्रमण मिलने के साथ लोगों की कोरोना संक्रमण से मौत भी हो रही है। मोहनलालगंज, मलिहाबाद के कई गांवों में कोरोना का कहर बरपा हुआ है। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि जैसे की शुरू में कोरोना संक्रमण से कम संख्या में लोग ठीक हो रहे थे। अब कुछ दिनों से कोरोना संक्रमण से ठीक होने के आंकड़ा दो हजार के पार ही जा रहा है। आज कोरोना से ठीक होने वालों का आंकड़ा 2641 रहा। वही राजधानी के विभिन्न कोविड अस्पतालों में कोरोना से 22 लोगों की मौत हो गयी। डाक्टरों का कहना है कि आईसीयू व वेंटिलेटर पर गंभीर कोरोना संक्रमित मरीजों के ठीक होने में इजाफा भी हो रहा है, लेकिन काफी संख्या में गैर जनपदों व स्थानीय स्तर पर गंभीर मरीज ज्यादा आ रहे है। इनमें ज्यादातर मरीजों में कोरोना संक्रमण के अलावा अन्य जटिल बीमारियां भी पायी गयी।











