लखनऊ। रक्तपूरक चैरिटेबल फाउंडेशन की ओर से सोमवार को रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। केजीएमयू में कोविड गाइडलाइन का पालन करते हुए फाउंडेशन के तहत कई लोगों ने रक्तदान किया।
केजीएमयू ब्लड ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन विभाग की प्रमुख डाॅ तूलिका चंद्रा ने कहा कि रक्तदान करने से खून की कमी नहीं होती है। न ही कमजोरी आती है। साथ ही व्यक्ति के खून की जांच भी हो जाती है। रक्तदान से किसी भी जाति, धर्म के व्यक्ति की जान बचाई जा सकती है। कोरोना काल में रक्तदान करने वालों की संख्या में खासी कमी आई है। कोरोना महामारी के बीच रक्तपूरक चैरिटेबल फाउंडेशन की ओर से रक्तदान कराना काफी सराहनीय कदम है। युवाओं को अधिक से अधिक संख्या में रक्तदान करना चाहिए।
फाउंडेशन के संस्थापक बलराज ढिल्लन ने बताया कोरोना महामारी में खून की कमी को देखते हुए इस शिविर का आयोजन किया गया। कोविड गाइडलाइन का पालन करते हुए लोगों ने रक्तदान में हिस्सा लिया।
रक्तदान करने वालों और टीम में रणदीप सिंह, आलोक सिंह, सौरभ लाल, जोरावर सिंह, रजत अवस्थी, शुभम सहित काफी लोग मौजूद रहे।












