लखनऊ। नर्सिंग की तैनाती पर अक्सर बवाल मचा करता है लेकिन अब एक क्लिक पर नर्स की जानकारी मिल सकेगी। प्रदेश में पहली बार स्टेट मेडिकल फैकल्टी नर्सो को आधार कार्ड की तर्ज पर स्मार्ट कार्ड बना कर दे रहा है, जिसमें बार कोड दिया गया है, जिससे जांच करने पर अभ्यर्थी के सभी शैक्षिक योग्यता से लेकर दस्तावेज की जानकारी मौजूद रहेगी। इस स्मार्ट कार्ड के जारी होने से यह माना जा रहा है कि नर्सिंग में होने वाली फर्जी भर्तियों को रोका जा सकेगा।
साक्षात्कार के दौरान नर्सिंग के अभ्यर्थी को अभी तक अपने सभी शैक्षिक योग्यता प्रमाण पत्र साथ लिये जाना पड़ता था। इसके बाद यह भी साबित करना पड़ता था कि उसके प्रमाण असली है कि नहीं। इसके लिए सत्यापन कराने के लिए भेजा जाता था, पर अब स्टेट मेडिकल फैकल्टी बोर्ड ने यह झंझट समाप्त कर दिया है। अध्ययन के बाद पंजीकरण के दौरान सभी शैक्षिक प्रमाण पत्र जमाकरने पर इनका सत्यापन होने के बाद अभ्यर्थियों को स्मार्ट कार्ड दिया जा रहा है। आधार कार्ड की तरह दिखने वाला इस कार्ड में बार कोड बनाया गया है।
यह प्रत्येक अभ्यर्थी का अलग अलग होगा। देश या अन्य कही भी बार कोड को क्लिक करने के देखने पर अभ्यर्थी की सभी शैक्षिक योग्यता के प्रमाण पत्र व उसके बारे में अन्य जानकारी उपलब्ध होगी। जो कि मान्य होगी। नर्सिग एसोशिएशन के पदाधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि फैकल्टी के रजिस्ट्रार डा. राजेश जैन ने प्रदेश में पहली बार इस प्रकार का कार्य शुरु कराया है। यह प्रदेश में पहली बार किया गया है। इससे फर्जी भर्ती पर विराम लग जाएगा।












