लखनऊ। बलरामपुर अस्पताल के ओपीडी में इलाज के लिए लाइन में लगे एक बच्ची की मौत पर हड़कम्प मच गया। अस्पताल प्रशासन के अनुसार बच्ची सेप्टीसीमिया से पीड़ित थी आैर गंभीर हालत में आयी थी। अस्पताल प्रशासन का दावा है कि उसको बचाने के लिए बाल रोग विशेषज्ञ इमरजेंसी में भी लेकर गये, लेकिन वह मर चुकी थी। डाक्टरों का दावा है कि बच्ची मृत हालत में ही लायी गयी थी।
अस्पताल की ओपीडी में बाल रोग विशेषज्ञ डा. आरएन त्रिपाठी ने जब लाइन से नम्बर के अनुसार तीमारदार अपनी बच्ची को लेकर आये, तो जांच के दौरान बच्ची बिल्कुल बेसुध थी। कुछ दिन पहले उसका इलाज बलरामपुर अस्पताल में ही चल रहा था आैर डिस्चार्ज के बाद आज दिखाने आयी थी। बताया जाता है कि बच्ची को डाक्टर ने तत्काल इलाज के लिए इमरजेंसी भी लेकर गये। जहां पर वह मृत घोषित कर दी गयी।
उधर ओपीडी में बच्ची की मौत से हड़कम्प मच गयी। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना था कि लम्बी लाइन होने के कारण वह देर से डाक्टर के पास इलाज के लिए पहुंची। जब वह आयी थी तो वह बच्ची जिंदा थी। जब कि अस्पताल प्रशासन का तर्क है कि बच्ची ब्रााड डेड ही आयी थी।












