भ्रामक वीडियो पर FIR के आदेश
लखनऊ । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रक्षाबंधन के त्योहार पर प्रदेश की महिलाओं को बड़ा तोहफा दिया है। 27 अगस्त की रात से 28 अगस्त की रात तक उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की सभी बसों में माताओं, बहनों और बेटियों के साथ एक सहयोगी भी मुफ्त यात्रा कर सकेगा। मुख्यमंत्री ने परिवहन, पुलिस और प्रशासन को बेहतर तालमेल के साथ सुगम व सुरक्षित सफर सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए हैं।
ड्राइवर चेकिंग और एंटी रोमियो स्क्वाड सक्रिय
समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि नशे में धुत बस चालकों पर सख्त पाबंदी रहेगी। निजी बसों, ऑटो और टैक्सी चालकों का पुलिस सत्यापन कराया जाएगा। महिला सुरक्षा के दृष्टिगत संवेदनशील मार्गों पर ‘एंटी रोमियो स्क्वाड’ पूरी तरह सक्रिय रहेंगे।
जलभराव पर नगर निकायों को 24 घंटे निगरानी के निर्देश
प्रदेश के कई शहरों में बारिश के कारण बने जलभराव के हालात पर मुख्यमंत्री ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने लो-लैंड क्षेत्रों में अतिरिक्त पम्पिंग स्टेशन लगाने और अवरुद्ध नालों की तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए। नगर विकास विभाग के प्रमुख सचिव को प्रदेश के सभी 762 नगर निकायों की 24 घंटे निगरानी करने के आदेश दिए गए हैं।
19 बाढ़ प्रभावित जिलों में अलर्ट, राहत सामग्री वितरण तेज
प्रयागराज, वाराणसी, गोंडा, बहराइच और लखीमपुर खीरी समेत 19 बाढ़ प्रभावित जनपदों के जिलाधिकारियों को मुख्यमंत्री ने हाई अलर्ट पर रहने को कहा है। बाढ़ प्रभावित हर परिवार तक पका हुआ भोजन और सूखा राशन बिना देरी के पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं। नदी कटान वाले क्षेत्रों में समय रहते ड्रेजिंग कराने और बेघर हुए लोगों को ‘मुख्यमंत्री आवास योजना’ के तहत मकान देने के आदेश दिए गए हैं।
भ्रामक वीडियो फैलाने वालों पर होगी एफआईआर
स्कूल-कॉलेजों को लेकर सोशल मीडिया पर फैलाए जा रहे भ्रामक वीडियो और अफवाहों पर मुख्यमंत्री ने कड़ा रुख अपनाया है। माहौल बिगाड़ने की साजिश करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
चीनी की कोई कमी नहीं, जमाखोरी पर लगेगी रोक
प्रदेश में चीनी के स्टॉक की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में 6 महीने की आवश्यकता के बराबर चीनी उपलब्ध है। कालाबाजारी और कृत्रिम अभाव पैदा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। साथ ही, उन्होंने बताया कि वर्तमान सरकार अब तक गन्ना किसानों को ₹3.25 लाख करोड़ से अधिक का भुगतान कर चुकी है।












