लखनऊ। डा. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के मानसिक स्वास्थ्य विभाग में मंगलवार को महिला व डॉक्टर में जमकर तीखी नोकझोंक हुई। महिला का आरोप था कि डॉक्टर परिचित वालों को बिना नम्बर से देख रहे थे, जबकि पंजीकरण और टोकन वाले लाइन में लगे थे। इसकी शिकायत कराने पर डॉक्टर ने अभद्रता की। महिला की शिकायत पर मौके पर पहुंची पुलिस से दोनों पक्षों ने अपनी शिकायत की है।
डॉक्टर बोले मैं तो ऐसे ही मरीज देखता हूं
गोमतीनगर निवासी महिला का इलाज लोहिया के मानसिक रोग विभाग में चल रहा है। मंगलवार को महिला पंजीकरण और टोकन लेने के बाद मानसिक रोग विभाग की ओपीडी कमरा नम्बर 114 के बाहर लाइन में लग गई। युवती का आरोप है कि ओपीडी में बैठे डॉक्टर बिना नम्बर वाले मरीजों को बुलाकर देख रहे थे।
इस पर मैंने आपत्ति दर्ज कराई तो डॉक्टर आक्रोशित हो गये। डॉक्टर कमरे के बाहर आ गए और उन्होंने अभद्रता शुरू कर दी। डॉक्टर ने कहा मुझसे कहा मैं तो ऐसे ही मरीज देखता हूं। दोनों में झड़प शुरू हो गई। आरोप हैं कि नोक झोंक में डॉक्टर ने महिला को धक्का दे दिया। इस दौरान डॉक्टर की कलाई में नाखून के निशान बन गए। ओपीडी में आस-पास खड़े दूसरे तीमारदारों ने बीच बचाव का प्रयास किया। पर कोई फायदा नहीं हुआ।
घटना के बाद युवती रो रो कर वही पर बिलखने लगी। उसने पुलिस को फोन पर पूरी जानकारी दी। मौके पर पुलिस आई। पीड़ित युवती व डॉक्टर से पूछताछ की। डॉक्टर का कहना है कि युवती मानसिक रोगी है। उसने अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया। ओपीडी में सभी मरीजों को नम्बर से ही देखा जा रहा था। युवती ने हमला किया। मेरी कलाई में युवती के निशान बन गए हैं। मुझसे धक्का-मुक्की भी की। युवती मानसिक रोगी है। उसका इलाज काफी समय से विभाग में चल रहा है। फिलहाल डॉक्टर ने दोनों में समझौता हो गया है।