वेंटिग में मरीज, समय पर नहीं मिल रहा इलाज

0
695

लखनऊ। किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के ट्रॉमा सेंटर कैजुल्टी में प्राथमिक इलाज के लिए भी गंभीर मरीज स्ट्रेचर पर घंटों पड़े तड़पते रहते है। कुछ ऐसे ही हालत आज देखने को मिली। यहां पर कोई मरीज चार घंटे से तो कोई मरीज छह घंटे से कैजुल्टी बाहर बरामदे में स्ट्रेचर पर इलाज व भर्ती होने के लिए लाइन में वेंटिग में थे। लम्बे समय तक इलाज न मिलने से काफी संख्या में मरीज लामा ( अपनी मर्जी से मरीज ले जाना ) करा कर चले गये। उनका आरोप है कि उनकी कोई सुन नहीं रहा था।

केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर में करीब 390 बिस्तरों पर इलाज करने का दावा किया जाता है। यहां पर 100-150 मरीजों की भर्ती होती है। बृहस्पतिवार दोपहर कैजुल्टी में मरीजों की सख्या ज्यादा होने पर मरीजों को स्ट्रेचर लेकर बाहर बरामदे में रूकने का निर्देश दे दिया गया। तीमादारों का आरोप है कि करीब चार-छह घंटे तक इंतजार के बाद भी कोई वरिष्ठ डाक्टर देखने नहीं आया। डाक्टरों का कहना था कि पहलें गंभीर मरीजों का इलाज किया जा रहा है।

इसलिए सामान्य मरीजों को बाहर किया गया था। वहीं तीमारदारों का आरोप है कि भर्ती का पर्चा बनाने बाद कैजुल्टी में किसी भी डॉक्टर ने नहीं देखा और न ही संबंधित विभाग में रेफर किया गया। तीमारदारों को गार्ड कैजुल्टी में अंदर भी जाने नहीं दे रहे थे। ऐसे में अव्यवस्था से नाराज होकर तमाम मरीज बिना उपचार वापस लौट गए। केजीएमयू प्रवक्ता डा. संतोष कुमार का कहना है कि ट्रॉमा सेंटर में मरीजों का लोड बहुत अधिक है। सामान्य मरीजों को उपचार के लिए जिला अस्पताल यहां भेज देते हैं।

अब PayTM के जरिए भी द एम्पल न्यूज़ की मदद कर सकते हैं. मोबाइल नंबर 9140014727 पर पेटीएम करें.
द एम्पल न्यूज़ डॉट कॉम को छोटी-सी सहयोग राशि देकर इसके संचालन में मदद करें: Rs 200 > Rs 500 > Rs 1000 > Rs 2000 > Rs 5000 > Rs 10000.

Previous articleकुंभ मेला में 100 बिस्तरों का अस्थायी अस्पताल
Next articleपहले सुनी नहीं, अब गठित कर दी जांच कमेटी

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here