लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गोमती नगर स्थित डा. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के आैचक निरीक्षण में मिली खामियों के बाद बृहस्पतिवार को गाज चिकित्सा अधीक्षक डा. देवाशीष शुक्ला पर गिर गयी हंै। लोहिया संस्थान प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से मुख्य चिकित्सा अधीक्षक पद पर डा. राजन भटनागर को तैनात कर दिया है। डा. राजन भटनागर संस्थान व हास्पिटल ब्लाक दोनों का कार्य देखेंगे। इसी प्रकार लोहिया संस्थान के कुल सचिव के पद की जिम्मेदारी फिजियोलॉजी विभाग के प्रमुख नितिन अशोक को दी गयी है।
लोहिया संस्थान के निदेशक डा. एके त्रिपाठी ने बताया कि संस्थान के हास्पिटल ब्लाक के चिकित्सा अधीक्षक पद पर तैनात डा . देवाशीष शुक्ला को चिकित्सा अधीक्षक पद से हटा दिया गया है। डा. त्रिपाठी ने बताया कि अब हास्पिटल ब्लाक व संस्थान की व्यवस्था को देखने के लिए मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को जिम्मेदारी दी गयी है। उन्होंने बताया कि मुख्य चिकित्सा अधीक्षक पद की जिम्मेदारी डा. राजन भटनागर को दी गयी है। उन्होंने बताया कि डा. भटनागर अभी तक कुलसचिव के पद पर तैनात थे, लेकिन अब इस पद पर फि जियोलॉजी विभाग के डा. नितिन अशोक को जिम्मेदारी दी गयी है। संस्थान में चर्चा है कि बुधवार को मुख्यमंत्री ने अचाकन संस्थान की हास्पिटल ब्लाक इमरजेंसी का निरीक्षण कर लिया था।
इस दौरान उनको कई खामियां मिली थी आैर व्यवस्था दुरस्त करने के सख्त निर्देश दिये थे। इसके बाद संस्थान निदेशक हास्पिटल ब्लाक की इमरजेंसी को दुरस्त करने के लिए यह सख्त कदम उठाया है। उधर हास्पिटल ब्लाक में पीएमएस संवर्ग के डाक्टरों का कहना है कि चिकित्सा अधीक्षक पद पर पहले से संस्थान के डाक्टर को तैनात करने की कोशिश की जा रही थी। ताकि पीएमएस संवर्ग डाक्टर प्रशासनिक अधिकारी पद पर तैनात न हो सके।












