एसजीपीजीआई लखनऊ और RDASMC अयोध्या द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित
अयोध्या। ऐतिहासिक नगरी अयोध्या के ‘राजर्षि दशरथ ऑटोनॉमस स्टेट मेडिकल कॉलेज’ (RDASMC) में आयोजित ‘इंडियन सोसाइटी ऑफ़ इंटेंसिव केयर एंड पेरिऑपरेटिव मेडिसिन’ का तीसरा राष्ट्रीय सम्मेलन (ISICPM 2026) रविवार को सफलतापूर्वक संपन्न हो गया।
एसजीपीजीआई लखनऊ और RDASMC अयोध्या द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित 2 से 4 अक्टूबर तक चले इस तीन दिवसीय आयोजन के समापन सत्र में उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
अयोध्या मेडिकल कॉलेज के लिए बड़ी घोषणाएं
बढ़ती तीर्थयात्रियों और पर्यटकों की संख्या को देखते हुए उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने अयोध्या में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए कई महत्वपूर्ण ढांचागत घोषणाएं कीं:
डिजिटल हब एंड स्पोक ICU मॉडल: अयोध्या मेडिकल कॉलेज के आईसीयू को एसजीपीजीआईएमएस लखनऊ से डिजिटल रूप से जोड़ा जाएगा, जिससे क्रिटिकल केयर मरीजों की रियल-टाइम मॉनिटरिंग और बेड आवंटन में मदद मिलेगी।
नए सुपर-स्पेशियलिटी विभाग: स्थानीय स्तर पर उच्च स्तरीय इलाज के लिए न्यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी और गैस्ट्रोएंटेरोलॉजी विभाग जल्द शुरू किए जाएंगे।
अत्याधुनिक कैथ लैब: हृदय रोगियों और आपातकालीन कार्डियक मामलों के तत्काल इलाज के लिए नई कैथ लैब स्थापित की जाएगी।
कैंपस में आवासीय सुविधा: आपातकालीन सेवाओं को 24×7 सुचारू रखने के लिए फैकल्टी व पैरामेडिकल स्टाफ के लिए कैंपस में ही आवास बनाए जाएंगे।
पेरिऑपरेटिव मेडिसिन और आधुनिक तकनीक पर मंथन
सम्मेलन का मुख्य विषय ‘पेरिऑपरेटिव मेडिसिन’ रहा, जो “एक क्लिनिक, एक टीम, एक प्लान” के सिद्धांत पर मरीज की सर्जरी से पहले, दौरान और बाद की पूरी देखभाल पर जोर देता है।
कार्यक्रम के दौरान देशभर से आए 200 से अधिक विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया। 75 से अधिक रेजिडेंट डॉक्टरों को पॉइंट-ऑफ-केयर अल्ट्रासाउंड (POCUS) और एडवांस्ड एयरवे मैनेजमेंट की व्यावहारिक ‘हैंड्स-ऑन’ ट्रेनिंग दी गई। इसके अलावा ब्लड मैनेजमेंट, थोरेसिक केयर और मरीज की निगरानी में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल पर भी गहन चर्चा हुई। वर्ल्ड फेडरेशन ऑफ सोसाइटीज ऑफ एनेस्थिसियोलॉजिस्ट्स के प्रेसिडेंट-इलेक्ट डॉ. जे. बालावेन्कटसुब्रमण्यम ने प्रतिष्ठित मेमोरियल भाषण दिया।
उत्कृष्ट योगदान का सम्मान व सांस्कृतिक संगम
समापन समारोह में उपमुख्यमंत्री ने वैज्ञानिक क्विज़ और रिसर्च प्रेजेंटेशन के विजेता डॉक्टरों को सम्मानित किया। इस शैक्षणिक आयोजन के साथ-साथ प्रतिनिधियों ने श्रीराम जन्मभूमि में रामलला के दर्शन किए और अयोध्या के सांस्कृतिक वैभव का अनुभव लिया।
इस अवसर पर एसजीपीजीआई के निदेशक प्रो. आर. के. धीमन, अयोध्या मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल प्रो. दिनेश सिंह मर्टोलिया, आयोजन अध्यक्ष प्रो. संजय धीराज, सचिव प्रो. पुनीत गोयल और संयुक्त सचिव प्रो. जे. पी. तिवारी विशेष रूप से मौजूद रहे।












