लखनऊ। डॉ. राम मनोहर लोहिया संयुक्त अस्पताल में इस सप्ताह कई नई सुविधाएं शुरू होंगी। अस्पताल में अब किशोर-किशोरियों व बुजुर्गों की आवश्यक काउंसिलिंग समेत इलाज की सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही अस्पताल में नशे के आदि लोगों को नशा मुक्त बनाने के लिये नशा निषेध क्लीनिक का भी संचालन होगा। यह सभी सुविधाएं अस्पताल में विश्व स्वास्थ्य दिवस सात अप्रैल के अवसर पर शुरू होंगी। योजनाओं का संचालन नेशनल हेल्थ मिशन की ओर से संचालित होगा। इसके लिये अस्पताल को आवश्यक बजट भी जारी कर दिया गया है।
चिकित्सालय में एक जीरियाट्रिक क्लीनिक बुजुर्गों के इलाज व उनकी काउंसिलिंग के लिये, तथा 10-19 आयु वर्ष के किशोर-किशोरियों के लिये एडलोसेंस क्लीनिक की ओपीडी का संचालन होगा।
इसके साथ अस्पताल आनेवाले नशे की लत से पीडि़त मरीजों के इलाज व उन्हें नशा मुक्त बनाने के लिये नशा निषेध क्लीनिक शुरू होगी। अस्पताल प्रशासन के अनुसार प्रारंभिक चरण में इन क्लीनिक की ओपीडी का संचालन परिसर स्थित मौजूदा मानसिक रोग विभाग की ओपीडी में होगा। विश्व स्वास्थ्य दिवस की थीम डिप्रेशन लेट्ïस टॉक के तहत जीरियाट्रिक क्लीनिक को शुरू किया जा रहा है,ताकि बुजुर्ग अपने तनाव को छिपाएं नहीं बल्कि दूसरों बातचीत कर के बांटे। अस्पताल में नई क्लीनिक सुविधाओं के संचालन के लिये
अस्पताल में क्लीनिक का ऐसे होगा संचालन –
अस्पताल में एडलोशेंस क्लीनिक सप्ताह में बुधवार को तथा जीरियाटिक क्लीनिक शनिवार को संचालित होगी। इसके सााथ ही नशा निषेद्य क्लीनिक शुक्रवार को संचालित की जायेगी। यह जानकारी क्लीनिक के नोडल आफिसर व अस्पताल के वरिष्ठ मानसिक रोग विशेषज्ञ डॉ. देवाशीष शुक्ला ने दी।
वर्जन-अस्पताल में एडलोसेंस, जीरियाट्रिक क्लीनिक व नशा निषेद्य क्लीनिक ा संचालन सात अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर शुरू किया जार है। इस बार की विश्व स्वास्थ्य दिवस की थीम डिप्रेशन लेट्ïस टॉक रखा गया है, जिसके तहत जीरियाट्रिक क्लीनिक को शामिल किया गया है।
– डॉ.डीएस नेगी, निदेशक लोहिया अस्पताल















