*प्रदेशभर में तकनीकी दिवस का आयोजन
उत्पीड़नात्मक कार्रवाइयों के विरुद्ध जूनियर इंजीनियर्स का संगठित स्वर*
* उत्पीड़न समाप्त करने को ऊर्जा मंत्री को पत्र*
लखनऊ। राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन, उत्तर प्रदेश के केंद्रीय अध्यक्ष इं. गोपाल वल्लभ पटेल ने प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि मंगलवार को प्रदेश के समस्त जनपदों एवं विद्युत उत्पादन परियोजनाओं पर संगठन द्वारा तकनीकी दिवस का सफल आयोजन किया गया।
इस अवसर पर विभाग के अनुभवी अधिकारियों एवं तकनीकी विशेषज्ञों द्वारा जूनियर इंजीनियरों एवं प्रोन्नत अभियंताओं को ट्रांसफॉर्मर प्रोटेक्शन, विद्युत सुरक्षा, ईआरपी प्रणाली पर कार्य, ओटीएस को प्रभावी ढंग से सफल बनाए जाने की रणनीति सहित विभिन्न तकनीकी विषयों पर विस्तृत व्याख्यान दिए गए। नॉलेज शेयरिंग सत्रों के माध्यम से सदस्यों ने अपने कार्यानुभव भी साझा किए।
कार्यक्रम के दौरान प्रदेश भर में संसाधनों की कमी, सुरक्षा उपकरणों की अनुपलब्धता, मैनपॉवर की कमी तथा कार्यस्थलों पर संवाद एवं समन्वय के अभाव जैसे गंभीर मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए। केंद्रीय अध्यक्ष ने कहा कि बेवजह की दंडात्मक एवं उत्पीड़नात्मक कार्रवाइयां कार्मिकों के मनोबल को प्रभावित करती हैं, जिससे कार्यक्षमता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
उन्होंने बताया कि संगठन की सभी शाखाओं द्वारा जिलाधिकारी महोदय के माध्यम से ऊर्जा मंत्री को पत्र प्रेषित कर दिनांक 19 मार्च 2023 की त्रिपक्षीय वार्ता में बनी सहमतियों के अनुरूप सभी प्रकार की उत्पीड़नात्मक कार्रवाइयों को अविलंब समाप्त किए जाने का अनुरोध किया गया है।
लखनऊ स्थित संगठन भवन में आयोजित कार्यक्रम में लेसा सहित अन्य वितरण एवं उत्पादन इकाइयों के संगठन सदस्यों ने प्रतिभाग किया। संगठन के केंद्रीय संरक्षक इं. सतनाम सिंह ने कहा कि जूनियर इंजीनियर सभी चुनौतियों का सामना करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, बशर्ते उन्हें पर्याप्त सुरक्षा संसाधन एवं आवश्यक उपकरण उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने फील्ड में कार्यरत कर्मियों की समस्याओं के त्वरित समाधान की आवश्यकता पर बल दिया।
सभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय महासचिव इं. बलबीर यादव ने कहा कि संगठन सदैव सकारात्मक, रचनात्मक एवं जनहितकारी कार्यों में विश्वास रखता है, किंतु जूनियर इंजीनियर संवर्ग की लंबित मांगों एवं लगातार की जा रही उत्पीड़नात्मक कार्रवाइयों से कर्मचारियों में निराशा व्याप्त है, जो निगम हित में नहीं है। इसका शीघ्र समाधान आवश्यक है।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से ई. ए. के. सिंह (पूर्व उपनिदेशक, ईटीआई लखनऊ), इं0 संतोष कुमार विश्वकर्मा, इं0 चंद्रशेखर, इं0 पी. एस. तिवारी, इं0 संदीप मौर्य सहित अनेक पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।















