लखनऊ। किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के ट्रामा सेंटर में देर शाम को न्यूरो इमरजेंसी में स्ट्रेचर पर एम्बुबैग के भरोसे चल रहे मरीज से एक डाक्टर पर तीमारदारों नेमरीज का एम्बुबैग व वीगों खींच कर भगाने का आरोप लगाया है, जिससे मरीज की हालत बिगड़ गयी । इस पर मौजूद अन्य तीमारदारों ने हंगामा मचाना शुरू कर दिया। मौके पर पुलिस पहुंच गयी अौर समझा बुझा कर मामले को शांत कराया गया। केजीएमयू प्रशासन ने तत्काल घटना की जांच के आदेश दे दिये है।
ट्रामा सेंटर का न्यूूरो सर्जरी विभाग लगातार मरीजों से फ ुल रहता है।
शुक्रवार की देर शाम को अनुज नाम के गंभीर मरीज का इलाच स्ट्रेचर पर चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि जगह न होने का कारण मरीज स्ट्रेचर रास्त में भी थे। इस बीच न्यूरो डाक्टर ने आकर रास्ते से मरीज को तत्काल हटाने के निर्देश दिये। तीमादार ने कहा कि हालत गंभीर है मरीज को एम्बुबैग से भी सांस नहीं दे पा रहे है। इस लिए आक्सीजन सिलेंडर का इंतजार कर रहे है। बताया जाता है कि इतना सुनते ही डाक्टर को गुस्सा आ गया आैर एम्बुबैग व वीगों को निकाल फेंक दिया आैर मरीज को बाहर जाने के लिए भगा दिया।
इस घटना का दूसरे तीमारदारों के विरोध किया तो उनसे भी डाक्टर अभद्रता करने लगा। इस पर तीमारदारों हंगामा मचा दिया। इस बीच मरीज की हालत गंभीर होने लगी। किसी ने पुलिस को सूचना देदी। मौके पर पहुंची पुलिस ने गंभीर मरीज को इलाज कराते हुए मामला शांत कराया। लेकिन तीमारदारों में डाक्टरों के प्रति आक्रोश बना हुआ है। उनका कहना है कि आये दिन डाक्टर किसी न किसी मरीज या तीमारदार से अभद्रता करते रहते है। इलाज कराने के लिए सब चुप रहते है लेकिन आज इस सभी हद पार हो गयी थी। फिलहाल केजीएमयू प्रशासन ने घटना के तत्काल जांच के निर्देश दे दिया है।















