राजधानी में बनेगा, उत्तर प्रदेश पीसीएस भवन

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पीसीएस संघ गेस्ट हाउस निर्माण के लिए 11 सदस्यीय समिति का गठन

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लखनऊ। उत्तर प्रदेश पीसीएस (कार्यकारी शाखा) एसोसिएशन ने राजधानी में पीसीएस भवन के निर्माण का संकल्प लेकर संवर्ग के इतिहास में एक दूरगामी अध्याय जोड़ दिया है। यह निर्णय केवल एक भवन निर्माण नहीं, बल्कि प्रशासनिक गरिमा, आत्मसम्मान और सामूहिक चेतना का प्रतीक माना जा रहा है। संघ के अध्यक्ष पुष्पराज सिंह ने बताया कि कार्यालय और अतिथि सुविधा का स्थायी समाधान अब तक स्थायी कार्यालय और गेस्ट हाउस के अभाव में पीसीएस अधिकारियों को बार-बार व्यावहारिक कठिनाइयों से जूझना पड़ता था।

शासकीय कार्यों, सचिवालय तथा अन्य प्रशासनिक दायित्वों के कारण लखनऊ आगमन अनिवार्य होने पर ठहराव की समस्या सामने आती थी। प्रस्तावित भवन इस कमी को स्थायी रूप से दूर करेगा।
यह महत्वाकांक्षी परियोजना पूर्णतः पीसीएस अधिकारियों के आपसी योगदान से साकार होगी। संघ का उद्देश्य है कि भवन में कार्यालय के साथ-साथ अतिथि गृह की समुचित व्यवस्था विकसित की जाए, जिससे संगठनात्मक गतिविधियाँ सुव्यवस्थित ढंग से संचालित हो सकें।

भूमि चयन की प्रक्रिया शुरू करने के लिए संघ अध्यक्ष पुष्पराज सिंह के नेतृत्व में लगभग दो एकड़ भूमि के चयन हेतु 11 सदस्यीय समिति गठित कर दी गई है। समिति में उपाध्यक्ष रजनीश राय,विश्व भूषण, संजय कुमार, महासचिव वैभव मिश्रा, संयुक्त सचिव संजय कुमार पाण्डेय, पंकज कुमार,डॉ,. सृष्टि धवन, पूजा अग्निहोत्री, संजय यादव, कोषाध्यक्ष डॉ. संतोष उपाध्याय,ऑडिटर चन्दन कुमार पटेल शामिल हैं । संघ के अध्यक्ष ने बताया कि शीघ्र ही भूमि क्रय की औपचारिकताएँ पूरी कर ली जाएगी। इसके लिए एलडीए अथवा आवास विकास परिषद की योजनाओं को प्राथमिकता देने का निर्णय लिया गया है। अधिकारियों से न्यूनतम 25 हजार रुपये या स्वेच्छानुसार अधिक सहयोग देने की अपील की है। यह योगदान सामूहिक एकजुटता और संगठनात्मक प्रतिबद्धता का संदेश देगा।

इस निर्णय से प्रदेशभर के पीसीएस अधिकारियों में
हर्ष और गर्व का वातावरण है। लखनऊ में अपना भवन होना सुविधा के साथ-साथ संवर्ग की पहचान, स्वाभिमान और प्रशासनिक सम्मान को नई ऊँचाई देने केंद्र बनकर उभरेगा।

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