लखनऊ । किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के अलावा अन्य मेडिकल कालेज के लगभग 500 से ज्यादा मेडिकोज एक सर्वे करने जा रहे है। यह लोग अलग – अलग क्षेत्रों में दस हजार आम व्यक्तियों से टीबी बीमारी के बारे में जानकारी एकत्र करेंगे कि वह कितना जागरूक है या नहीं आैर बचाव के लिए किस स्तर तक जानकारी है।
डा. शीतल ने बताया कि एक फार्मेट तैयार किया गया है कि आम व्यक्ति टीबी बीमारी के बारे में कितना जागरूक है आैर बचाव के बारे में वह क्या जानता है। इसके लिए उसको बात करके फार्म को भरना होगा। इस के बाद इन फार्म के आकलन के आधार पर तय हो सकेगा कि आम व्यक्ति कितना जागरुक है। उन्होंने बताया कि जागरूकता अभियान चला कर लोगों को जागरूक भी किया जाएगा।
डा. शीतल ने बताया कि टीबी के संक्रमण से बचने के लिए हाथ धोने व संक्रमित व्यक्ति की पहचान की जा सके तो यह इस बीमारी से बचा जा सकता है। अक्सर लोग टीबी बीमारी को सामान्य मानते है आैर सही तरीके से इलाज नहीं करते है। उन्होंने बताया कि अपने देश में ही टीबी के संक्रमण पीड़ित मरीज सबसे ज्यादा संख्या है।
अब PayTM के जरिए भी द एम्पल न्यूज़ की मदद कर सकते हैं. मोबाइल नंबर 9140014727 पर पेटीएम करें.
द एम्पल न्यूज़ डॉट कॉम को छोटी-सी सहयोग राशि देकर इसके संचालन में मदद करें: Rs 200 > Rs 500 > Rs 1000 > Rs 2000 > Rs 5000 > Rs 10000.












